राजस्थान के नागौर जिले बीएसएफ से रिटायर्ड जवान ने गुरुवार सवेरे पहले अपने साले की गोली मारकर हत्या की और फिर खुद को भी गोली मारकर जान दे दी। मामला नागौर के गोटन थाना क्षेत्र के नोखा चांदावता गांव का है।
सुसाइड से पहले जवान ने एक वीडियो भी बनाया और फेसबुक पर एक पोस्ट लिखी। जिसमें उसने बताया कि उसकी पत्नी पीहर वालों के बहकावे में आकर उससे झगड़ा करती है। पूरा घर बर्बाद कर दिया है। पत्नी को कई बार समझाने की कोशिश की, लेकिन वह नहीं मानी और आखिरकार मुझे यह कदम उठाना पड़ा। उसकी पत्नी पीहर नोखा (गोटन), चांदावता गांव में रह रही थी। पोस्ट में मनरूप ने आरोप लगाया कि उसकी पत्नी के दोनों भाई-भाभी उसे भड़काते थे।
पुलिस के अनुसार नागौर जिले के पीपाड़ क्षेत्र के खांगटा के रहने वाले रिटायर्ड फौजी मनरूप और उसकी पत्नी के बीच लंबे समय से झगड़ा चल रहा था। गुरुवार सुबह मनरूप ने पहले अपने साले पप्पूराम को गोली मारी। इसके बाद खुद को भी गोली मार ली। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही गोटन थाना पुलिस मौके पर पहुंची और एफएसएल टीम ने साक्ष्य जुटाए। शवों को सरकारी अस्पताल की मॉर्चुरी में रखवाया गया है। पप्पूराम चांदावता पंचायत समिति में संविदा पर एलडीसी के पद पर कार्यरत था।
छह मिनट के वीडियो में जाहिर किया दर्द
खुदकुशी से पहले मनरूप ने एक 6 मिनट का वीडियो बनाया और फेसबुक पर एक लंबी पोस्ट शेयर की। इस पोस्ट में उसने बताया कि रिटायरमेंट के बाद उसकी पत्नी का व्यवहार पूरी तरह बदल गया था। वह दिनभर पीहर वालों से बातचीत करती और उनके बहकावे में आकर लड़ाई करती थी। मनरूप ने लिखा—”जवान बॉर्डर पर नहीं टूटा, मगर घर में अपनों से टूट गया।”
पोस्ट में बताया—अपनों के चेहरे से उतरे नकाब
मनरूप ने अपने आखिरी संदेश में लिखा—“मैंने 20 साल बीएसएफ में देश की सेवा की। कभी हार नहीं मानी, लेकिन घर में जब अपनों के चेहरे से नकाब उतरते हैं, तो आदमी बिखर जाता है।” उसने यह भी लिखा कि पत्नी के लगातार झगड़ों और बहनों-बहनोइयों के हस्तक्षेप ने उसकी मानसिक स्थिति को तोड़ दिया।

