हरियाणा के जींद जिले के बराह कला गांव का 26 साल का युवक कपिल अमेरिका में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता था। 5 सितंबर को ड्यूटी के दौरान उसने एक अमेरिकी व्यक्ति को खुले में पेशाब करने से रोका। इसी बात पर विवाद बढ़ा और उस व्यक्ति ने कपिल को गोली मार दी। गंभीर रूप से घायल कपिल को अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। कपिल 2022 में 45 लाख रुपये खर्च कर डंकी रूट से अमेरिका पहुंचा था। अब उसके परिवार के सामने शव को भारत लाने की बड़ी आर्थिक चुनौती खड़ी हो गई है।
ड्यूटी के दौरान हुई वारदात
जींद जिले के बराह कला गांव का 26 वर्षीय कपिल अमेरिका में स्टोर पर सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता था। 5 सितंबर को वह अपनी ड्यूटी पर था, तभी एक अमेरिकी व्यक्ति खुले में पेशाब कर रहा था। कपिल ने उसे रोका तो विवाद बढ़ गया। गुस्से में उस व्यक्ति ने कपिल पर गोली चला दी। गोली लगते ही कपिल जमीन पर गिर गया और लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। कपिल को अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस वारदात से गांव और परिवार में गहरा सदमा है।
कपिल का परिवार और हालात
कपिल का जन्म 22 मई 2000 को हुआ था। वह परिवार का इकलौता बेटा था और उसकी दो बहनें हैं। परिवार खेती से अपना गुजारा करता है। पिता ईश्वर ने बताया कि बेटे को अमेरिका भेजने के लिए उन्होंने बड़ी मुश्किल से 45 लाख रुपये जुटाए थे और डंकी रूट से कपिल को अमेरिका भेजा था। कपिल ने सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी शुरू की थी ताकि परिवार की आर्थिक मदद कर सके। लेकिन अचानक हुई इस घटना ने परिवार को गहरे संकट में डाल दिया है।
शव लाने में आर्थिक समस्या
कपिल की मौत के बाद सबसे बड़ी परेशानी उसके शव को भारत लाने की है। परिवार के पास इतना पैसा नहीं है कि वे खुद खर्च उठा सकें। पिता ईश्वर और रिश्तेदारों ने बताया कि आर्थिक तंगी की वजह से वे शव भारत लाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। परिवार अब सरकार से गुहार लगा रहा है कि उनके बेटे का शव सुरक्षित भारत लाने में मदद की जाए। रिश्तेदार दीपक ने कहा कि कपिल दो बहनों का इकलौता भाई था और उसकी मौत से पूरा परिवार टूट गया है।
गांव में मातम का माहौल
बराह कला गांव में कपिल की मौत की खबर के बाद मातम का माहौल है। लोग परिवार के घर पहुंचकर सांत्वना दे रहे हैं। गांव के लोगों का कहना है कि कपिल मेहनती और जिम्मेदार लड़का था, जिसने परिवार के बेहतर भविष्य के लिए अमेरिका का सफर चुना था। लेकिन इस घटना ने उसके सपनों को अधूरा कर दिया। गांववाले भी सरकार से मांग कर रहे हैं कि जल्द से जल्द शव भारत लाकर अंतिम संस्कार किया जाए।
सरकार से मदद की अपील
परिवार ने केंद्र और हरियाणा सरकार से अपील की है कि कपिल के शव को भारत लाने में आर्थिक मदद दी जाए। ग्रामीणों का कहना है कि इस घटना ने प्रवासी भारतीय युवाओं की सुरक्षा पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। कपिल की मौत ने गांव और पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। परिवार उम्मीद कर रहा है कि सरकार तुरंत कदम उठाएगी ताकि शव को भारत लाकर अंतिम संस्कार किया जा सके।

- जींद जिले के 26 वर्षीय कपिल की अमेरिका में गोली मारकर हत्या हुई।
- कपिल ने खुले में पेशाब कर रहे व्यक्ति को रोका था, जिस पर गोली चलाई गई।
- परिवार ने 45 लाख रुपये खर्च कर डंकी रूट से बेटे को अमेरिका भेजा था।
- कपिल इकलौता बेटा था और घर की आर्थिक मदद करता था।
- शव भारत लाने के लिए परिवार सरकार से मदद की अपील कर रहा है।

