राजस्थान के खाटू श्यामजी धाम से दर्शन कर लौट रहीं महिलाओं के साथ एक बार फिर हिंसा की तस्वीर सामने आई है। इस बार मामला रींगस रेलवे स्टेशन का है, जहां एक ऑटो चालक ने छोटे बच्चे के किराए को लेकर महिला यात्री पर हाथ उठा दिया।
चित्तौड़गढ़ से दर्शन के लिए आई दो महिलाएं सीमा और शबनम अपने बच्चों और सहेलियों के साथ लौट रही थीं। इसी दौरान निजी वाहन चालक से तीन साल के बच्चे का किराया मांगा गया, जिस पर विवाद इतना बढ़ा कि बात हाथापाई तक पहुंच गई।
ऑटो चालक ने मारे 5-7 थप्पड़, महिला घायल
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार मंगलवार सुबह करीब साढ़े पांच बजे वाहन चालक ने महिला से बहस करते हुए करीब 5 से 7 थप्पड़ जड़ दिए। महिला के गाल पर सूजन आ गई और वह बुरी तरह घबरा गई। पीड़िता ने तुरंत अपने साथियों के साथ मिलकर 112 नंबर पर कॉल की और पुलिस को मौके पर बुलाया। महिलाओं ने आत्मरक्षा में चालक की भी पिटाई की, लेकिन जब तक पुलिस पहुंचती, आरोपी वाहन लेकर भाग चुका था।
पुलिस पहुंची लेकिन आरोपी फरार
सूचना मिलने पर रींगस थाने से सब-इंस्पेक्टर सुरेश कुमार मौके पर पहुंचे और महिलाओं को कार्रवाई का भरोसा दिया। हालांकि पीड़ितों ने यह भी कहा कि आरोपी के मौके से भाग जाने के बाद उन्हें कोई तसल्लीजनक जवाब नहीं मिला। महिलाओं का कहना है कि आज उनके साथ ये घटना हुई, कल किसी और के साथ हो सकती है। उन्होंने प्रशासन से न्याय और सख्त सुरक्षा व्यवस्था की मांग की है।
रींगस स्टेशन पर श्रद्धालुओं के साथ बदसलूकी आम
खाटू श्यामजी धाम देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए एक प्रमुख धार्मिक स्थल है, जहां हर दिन हजारों लोग दर्शन के लिए पहुंचते हैं। रींगस रेलवे स्टेशन इस यात्रा का महत्वपूर्ण पड़ाव है, जहां से श्रद्धालु निजी टैक्सी या ऑटो से खाटूधाम पहुंचते हैं। लेकिन पिछले कुछ महीनों में यह इलाका श्रद्धालुओं के साथ दुर्व्यवहार, वसूली और हिंसा की घटनाओं के चलते चर्चा में रहा है।
घटनाओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए स्थानीय प्रशासन पर लगातार सवाल उठ रहे हैं। श्रद्धालुओं के लिए न तो स्थायी परिवहन सुविधा है, न ही कोई स्पष्ट निगरानी व्यवस्था। ऐसे में हर बार की तरह इस मामले में भी आश्वासन तो दिया गया, लेकिन ठोस कदम उठाना अब समय की जरूरत बन गई है।

