रविवार, मई 3, 2026
spot_img
होमराज्यएनआईए का करनाल में डबल रेड ऑपरेशन: विदेश से संदिग्ध फंडिंग की...

एनआईए का करनाल में डबल रेड ऑपरेशन: विदेश से संदिग्ध फंडिंग की जांच में पुलिसकर्मी और कारोबारी के घर छापेमारी

गुरुवार सुबह करनाल में एक बार फिर सन्नाटा चीरते हुए केंद्रीय जांच एजेंसी एनआईए (NIA) की टीम ने दो अलग-अलग ठिकानों पर दबिश दी। एजेंसी की यह कार्रवाई संदिग्ध विदेशी फंडिंग की जांच के तहत की गई, जिसमें एक कारोबारी और एक पुलिसकर्मी के घर शामिल रहे। तड़के करीब 6 बजे आरके पुरम स्थित अशोक भाटिया के घर जांच शुरू हुई, जिसमें हरियाणा पुलिस के जवान भी मौजूद रहे।

करीब तीन घंटे तक चली छानबीन के दौरान इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस, दस्तावेज और अन्य संदिग्ध सामग्री को खंगाला गया। मोहल्ले में हलचल तो जरूर हुई, लेकिन सुरक्षा घेरे के चलते किसी को घर के भीतर या बाहर आने-जाने की इजाजत नहीं दी गई।

पुलिसकर्मी के परिवार पर संदेह, बेटा विदेश में

छापे की अगली कड़ी में एनआईए की टीम करनाल पुलिस लाइन पहुंची। यहां एक पुलिसकर्मी के घर जांच की गई। सूत्रों के मुताबिक, इस पुलिसकर्मी का बेटा और आरके पुरम निवासी अशोक भाटिया का बेटा — दोनों वर्तमान में अमेरिका में रह रहे हैं। संदेह जताया जा रहा है कि इन्हीं की ओर से किसी संदिग्ध युवक को विदेशी फंडिंग की गई, जिसे आपराधिक गतिविधियों से जोड़ा जा रहा है।

इस ट्रांजेक्शन की कड़ियां पंजाब में चल रहे एक बड़े मामले से भी जुड़ती दिख रही हैं, जहां विदेश से फंडिंग कर संगठित अपराध या आतंकी गतिविधि की तैयारी की आशंका पहले भी जताई जा चुकी है।

अमेरिका से फंड, करनाल में जांच

एनआईए फिलहाल इस बात की तहकीकात में जुटी है कि भेजे गए पैसे किसके खाते में पहुंचे, इनका इस्तेमाल किस गतिविधि के लिए किया गया और इसके पीछे कौन से नेटवर्क काम कर रहे हैं। दोनों युवक जो अमेरिका में रह रहे हैं, उनके खिलाफ यह संदेह गहरा रहा है कि वे किसी आपराधिक प्रवृत्ति के युवक को आर्थिक मदद कर रहे थे।

हालांकि अभी यह साफ नहीं हो पाया है कि यह रकम किसी खास अपराध से जुड़ी हुई है या किसी बड़ी साजिश का हिस्सा है। एजेंसी द्वारा जुटाए गए इलेक्ट्रॉनिक सबूतों और ट्रांजेक्शन डिटेल्स की गहन जांच की जा रही है।

कुख्यात गैंगस्टर काका राणा के घर पहुंची टीम

इसी सिलसिले में एनआईए की एक और टीम ने करनाल जिले के मधुबन थाना क्षेत्र स्थित कालरम गांव में छापेमारी की। यहां कुख्यात गैंगस्टर काका राणा के घर पर सुबह करीब 5 बजे दबिश दी गई। लगभग ढाई घंटे तक टीम ने पूरे घर की तलाशी ली। इस दौरान घर के गेट बंद रखे गए और किसी को भी आवाजाही की इजाजत नहीं दी गई।

काका राणा के माता-पिता से भी पूछताछ की गई। ग्रामीणों का कहना है कि कुछ दिन पहले एनआईए का एक सदस्य गांव में पहुंचा था, जिसने घर की तस्वीरें और लोकेशन एकत्र की थी — संभवत: उसी प्लानिंग का हिस्सा था यह छापा।

नकली पासपोर्ट से अमेरिका भागा

ग्रामीण सूत्रों की मानें तो काका राणा करीब 5-6 साल पहले नकली पासपोर्ट के जरिए अमेरिका भाग गया था। उस पर हत्या समेत कई संगीन मामले दर्ज हैं। वर्ष 2023 में उसके खिलाफ करनाल में मामला नंबर 885 दर्ज हुआ था। इतना ही नहीं, अमेरिका में हुए एक अभिषेक मर्डर केस में भी उसका नाम उछला था।

फिरौती, फायरिंग, मर्डर – इन सभी अपराधों में उसकी भूमिका संदिग्ध मानी जाती रही है। एनआईए उसकी गतिविधियों और नेटवर्क की परतें खोलने में जुटी हुई है, ताकि अंतरराष्ट्रीय फंडिंग और अपराध के गठजोड़ पर ठोस कार्रवाई की जा सके।

अन्य खबरें