रक्षाबंधन का पर्व इस बार 9 अगस्त, शनिवार को मनाया जाएगा। सावन पूर्णिमा तिथि 8 अगस्त को दोपहर 2:12 बजे शुरू होकर 9 अगस्त को 1:24 बजे समाप्त होगी। राखी बांधने का शुभ समय सुबह 5:47 से दोपहर 1:24 बजे तक रहेगा और भद्रा काल इससे पहले ही खत्म हो जाएगा। इस दिन सौभाग्य, शोभन और सर्वार्थ सिद्धि जैसे तीन शुभ योग भी बनेंगे।
त्योहार की तिथि और समय
हर साल सावन पूर्णिमा के दिन मनाया जाने वाला रक्षाबंधन इस बार 9 अगस्त को मनाया जाएगा। पंचांग के अनुसार, पूर्णिमा तिथि 8 अगस्त को दोपहर 2:12 बजे शुरू होगी और 9 अगस्त को दोपहर 1:24 बजे समाप्त होगी।
भद्रा का असर, शुभ योग और मुहूर्त
इस बार भद्रा 8 अगस्त को दोपहर 2:12 से शुरू होकर 9 अगस्त रात 1:52 बजे तक रहेगी। लेकिन 9 अगस्त सुबह 5:47 बजे से दोपहर 1:24 बजे तक का समय पूरी तरह शुभ रहेगा, क्योंकि तब तक भद्रा समाप्त हो चुकी होगी। रक्षाबंधन पर इस साल तीन खास योग बनेंगे—सौभाग्य, शोभन और सर्वार्थ सिद्धि। राखी बांधने का शुभ समय सुबह 5:47 से दोपहर 1:24 बजे तक रहेगा।
पूजा की विधि
त्योहार के दिन स्नान कर साफ कपड़े पहनें। पूजा थाली में रोली, चंदन, अक्षत, दही, राखी, मिठाई और घी का दीपक रखें। पहले भगवान की पूजा करें, फिर भाई को पूर्व या उत्तर दिशा की ओर बैठाकर तिलक, राखी और आरती करें। राखी बांधते समय तीन गांठ लगाना शुभ माना जाता है—पहली लंबी उम्र के लिए, दूसरी सुरक्षा के लिए और तीसरी रिश्ते में मिठास बनाए रखने के लिए।

- रक्षाबंधन 9 अगस्त, शनिवार को मनाया जाएगा, सावन पूर्णिमा तिथि 8 अगस्त दोपहर से 9 अगस्त दोपहर तक रहेगी।
- भद्रा काल 8 अगस्त दोपहर 2:12 से 9 अगस्त रात 1:52 तक रहेगा, शुभ मुहूर्त से पहले खत्म हो जाएगा।
- राखी बांधने का शुभ समय 9 अगस्त सुबह 5:47 से दोपहर 1:24 बजे तक रहेगा।
- इस बार सौभाग्य, शोभन और सर्वार्थ सिद्धि योग बनेंगे, जो त्योहार को और खास बनाएंगे।
- पूजा के दौरान तीन गांठ वाली राखी बांधना शुभ माना जाता है—लंबी उम्र, सुरक्षा और रिश्तों की मिठास के लिए।

