17 जुलाई को पटना के पारस अस्पताल में हुई कुख्यात अपराधी चंदन मिश्रा की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। कोलकाता में शनिवार शाम हुई छापेमारी में स्पेशल टास्क फोर्स (STF) और पटना पुलिस ने आठ लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें मुख्य शूटर तौसीफ उर्फ बादशाह, उसका मौसेरा भाई निशू खान, सचिन सिंह, हर्ष उर्फ हरीश कुमार, भीम कुमार, और एक महिला अल्पना दास शामिल हैं।
कोलकाता में हुई थी हत्या के बाद की योजना
पूछताछ में सामने आया है कि चंदन मिश्रा की हत्या के तुरंत बाद तौसीफ और उसके चार साथी शूटरों को कोलकाता पहुंचाया गया था। इन पांचों को शरण देने, भागने में मदद करने और साजिश में सहयोग देने के आरोप में गिरफ्तारियां हुईं। पुलिस को तौसीफ के ही परिजनों से शूटरों के ठिकाने का सुराग मिला, जिसके बाद कोलकाता के न्यूटाउन, आनंदपुर, लेदर कॉम्प्लेक्स और भांगर इलाकों में छापेमारी की गई।
साजिश के तार जेल से जुड़े
जांच में चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है। चंदन मिश्रा की हत्या की प्लानिंग बिहार की एक जेल में हुई थी। सूत्रों के अनुसार, पुरुलिया जेल में बंद ओमकार सिंह उर्फ शेरू सिंह ने यह साजिश रची थी। शेरू ने 10 लाख रुपये की सुपारी देकर तौसीफ से हत्या करवाई। STF ने जेल में जाकर शेरू से पूछताछ की और महत्वपूर्ण सुराग जुटाए।
वारदात से पहले की गई थी रेकी
हत्याकांड को अंजाम देने से तीन दिन पहले ही तौसीफ और उसके साथी पटना के समनपुरा इलाके में पहुंचे थे। उन्होंने पारस अस्पताल के पीछे एक अपार्टमेंट में डेरा जमाया और हर दिन अस्पताल की गतिविधियों की बारीकी से निगरानी की। इस अपार्टमेंट की व्यवस्था स्थानीय बदमाश ने की थी। जांच में यह भी सामने आया है कि तौसीफ पहले से अस्पताल स्टाफ से परिचित था। कुछ महीने पहले उसका एक दोस्त यहां भर्ती था, जिससे मिलने वह अक्सर आता-जाता था।
अस्पताल कर्मियों से भी पूछताछ
हत्या की साजिश में अस्पताल के कुछ कर्मचारियों की भूमिका भी संदिग्ध मानी जा रही है। शुक्रवार को पुलिस ने अस्पताल प्रशासन से सुरक्षा में तैनात कर्मियों की सूची मांगी और कुछ स्टाफ से लंबी पूछताछ की है। जांच टीम इस बिंदु पर काम कर रही है कि कहीं अस्पताल के अंदर से ही कोई मदद तो नहीं मिली।
पुलिसकर्मियों पर भी गिरी गाज
घटना के बाद कार्रवाई करते हुए पटना पुलिस ने एक दरोगा, दो एएसआई और दो सिपाहियों को निलंबित कर दिया है। इन सभी पर हत्याकांड के दौरान लापरवाही बरतने का आरोप है। वहीं, पुलिस ने समनपुरा से जिशान समेत पांच युवकों को हिरासत में लिया है, जिनसे पूछताछ जारी है।
इस केस में लगातार पुलिस टीमों की छापेमारी जारी है। बक्सर, आरा, गया और झारखंड के कुछ इलाकों में भी संदिग्धों की तलाश में कार्रवाई हो रही है। जल्द ही गिरफ्तार आरोपियों को ट्रांजिट रिमांड पर पटना लाया जाएगा और पूरे हत्याकांड से पर्दा उठाया जा सकता है।

