प्रदेश में सक्रिय हुआ मानसून अब पूर्वी राजस्थान में पूरी तरह से असर दिखा रहा है। लगातार हो रही बारिश से जहां लोगों को गर्मी से राहत मिली है, वहीं जनजीवन भी कुछ जिलों में प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग ने 29 जून से 2 जुलाई तक राज्य के 19 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया है, जिसमें मेघगर्जन, बिजली गिरने और तेज हवाओं के साथ भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इनमें कोटा, बूंदी, बारां, सवाई माधोपुर, धौलपुर, उदयपुर, चित्तौड़गढ़, भीलवाड़ा, टोंक, जयपुर, अलवर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, प्रतापगढ़, झालावाड़, अजमेर, दौसा और करौली जिला शामिल है।
अब तक 152% ज्यादा बारिश दर्ज
राजस्थान में इस साल मानसून ने उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया है। अब तक औसत से 152 फीसदी ज्यादा बारिश दर्ज की जा चुकी है। रविवार को सिरोही, अलवर, भरतपुर, करौली, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ और दौसा जैसे जिलों में जोरदार बारिश हुई। सिरोही में सुबह 3:30 बजे से लगातार चार घंटे तेज बारिश का दौर चला, जो सुबह 11 बजे तक रुक-रुककर जारी रहा।
श्रीगंगानगर में अब भी सूखा
जहां एक ओर राज्य के कई जिलों में मानसून मेहरबान है, वहीं श्रीगंगानगर में बारिश का अब भी इंतजार बना हुआ है। यहां 28 जून तक अधिकतम तापमान 41.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। इसके विपरीत माउंट आबू में न्यूनतम तापमान 17.0 डिग्री दर्ज किया गया, जो राज्य का सबसे ठंडा क्षेत्र रहा। अधिकांश इलाकों में हवा में नमी 50% से 90% तक रही।
तापमान और नमी की स्थिति
राज्य के मुख्य जिलों में न्यूनतम तापमान भी मानसून की गतिविधियों के चलते सामान्य से नीचे दर्ज किया गया। जयपुर में 26.2°C, अजमेर में 23.9°C, कोटा में 27.0°C, अलवर में 27.2°C और बीकानेर में 30.0°C न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड किया गया। इससे साफ है कि बारिश के कारण तापमान में गिरावट देखने को मिल रही है।
2 से 6 जुलाई फिर बरसेंगे बादल
मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के पूर्वानुमान के अनुसार, 2 से 6 जुलाई के बीच पूर्वी राजस्थान में एक बार फिर बारिश में तेजी आने की संभावना है। जयपुर, भरतपुर, कोटा और उदयपुर संभाग के कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने बताया है कि आने वाले दो-तीन दिनों में बारिश की रफ्तार थोड़ी थम सकती है, लेकिन 2 जुलाई से फिर सक्रियता बढ़ेगी।

